100 दिन की नकली जेल में एक पुलिसवाला और एक पूर्व अपराधी: 5 लाख डॉलर की चुनौती में भरोसा कैसे बना और कैसे टूटा

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अवलोकन

मिस्टर बीस्ट (जिमी) ने एक "मैक्सिमम सिक्योरिटी" जेल का सेट बनाया और उसमें दो अजनबियों को बंद किया। एक हैं लैनी, जो 17 साल पुलिस में रहे। दूसरे हैं ईयन, जो फ्रॉड और मनी लॉन्डरिंग के मामले में 3 साल फेडरल जेल काट चुके हैं। शर्त यह थी कि दोनों 100 दिन साथ टिके रहें तो उन्हें 5 लाख डॉलर मिलेंगे। अगर कोई एक भी बीच में शो छोड़ने की कोशिश करता, तो दोनों को कुछ नहीं मिलता। वीडियो का केंद्रीय सवाल यही है कि बिल्कुल अलग पृष्ठभूमि के ये दो लोग पूरे 100 दिन टिक पाएंगे, या कोई एक दूसरे को धोखा दे देगा। हर दस दिन पर जिमी उनके सामने एक नया "ऑफर" रखते हैं। ज़्यादातर ऑफर इस तरह बनाए गए थे कि दोनों के बीच खिंचाव पैदा हो।

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शुरुआत: असली जेल की "हूबहू नकल" और पहला टकराव

जिमी के मुताबिक, तकिये को छोड़कर यह जेल असली जेल की हूबहू नकल है। ईयन ने तुलना करते हुए कहा कि यहाँ की दीवारें थोड़ी मोटी हैं और यहाँ तकिया मिलता है, जो असली जेल में नहीं मिलता। टॉयलेट भी वैसा ही जेल वाला था। नियम ये थे कि दिन में तीन बार खाना मिलेगा, रात को तय समय पर लाइट बंद होगी, सुबह तय समय पर जगाया जाएगा और हर हरकत कैमरों में दर्ज होगी।

पहली मुलाकात में ही ईयन ने बताया कि जेल से निकलते समय उन पर 5 लाख डॉलर का कर्ज था, यानी उतनी ही रकम जितनी इस चुनौती में जीती जा सकती थी। अपने अपराध के बारे में उन्होंने कहा कि उन्होंने झूठ बोलना शुरू किया, एक से उधार लेकर दूसरे को दिया, सबका पैसा डुबो दिया और फिर नुकसान छुपाया।

पहला विवाद नीचे वाले बेड पर हुआ। ईयन का तर्क था कि जेल में उम्र का सम्मान होता है, इसलिए बड़े को पहले चुनने का हक है, और नीचे का बेड लैनी को मिला। पहली ही रात लैनी के खर्राटों की वजह से ईयन सो नहीं पाए। उन्होंने लैनी को "खर्राटे मास्टर" कहा और बाद में अपना बेड खिसका लिया ताकि आवाज़ कम सुनाई दे।

लैनी के लिए यह अनुभव अलग तरह से कठिन था। उन्होंने कहा कि ज़िंदगी भर लोगों को जेल में डालने के बाद खुद अंदर होना अजीब लग रहा है। अब कोई और तय कर रहा था कि वे कब सोएँ, कब उठें और कब खाएँ। दूसरी ओर ईयन को यह माहौल "काफी आरामदायक" लगा।

इस तनातनी के बावजूद बोरियत मिटाने के लिए दोनों ने मिलकर बेड फ्रेम से बास्केटबॉल रिंग बनाई और उसे पुल-अप बार की तरह भी इस्तेमाल किया। ईयन ने कहा कि पहली बार जेल जाने पर वे फिट नहीं थे, इसलिए इस बार पूरी कोशिश कर रहे हैं।

दिन 10: यार्ड के लिए 50 हज़ार डॉलर

दसवें दिन जिमी "ऑफिसर बीस्ट" बनकर आए और दोनों को जेल यार्ड दिखाया। वहाँ पुल-अप बार और बास्केटबॉल गोल थे, जो उन्हें रोज़ एक घंटे के लिए मिल सकते थे। फिर दोनों को अलग-अलग इंटरोगेशन रूम में बैठाकर शर्त बताई गई। अगर दोनों "हाँ" कहें तो यार्ड 50 हज़ार डॉलर में दोनों का हो जाएगा, और यह रकम प्राइज़ पूल से कटेगी। अगर एक "हाँ" कहे और दूसरा "ना", तब भी 50 हज़ार कटेंगे, लेकिन यार्ड सिर्फ "हाँ" कहने वाले को मिलेगा और दूसरा पूरे वीडियो में बस देखता रहेगा।

दोनों को अंदाज़ा लगाना था कि दूसरा क्या चुनेगा। ईयन ने कहा कि वे ज़िंदगी में अब और विलेन नहीं बनना चाहते। साथ ही उन्होंने माना कि 90 दिन तक अच्छा इंसान बने रहना मुश्किल है। आखिर में दोनों ने "हाँ" कहा। ईयन ने बताया कि पैसे को लेकर उनका नज़रिया बदल गया है। अब वे आराम से रहने के लिए खर्च करने को तैयार हैं, क्योंकि सुविधाएँ छोड़ दीं तो शायद अंत तक पहुँच ही न पाएँ, और "थोड़े पैसे मिलना कुछ भी न मिलने से बेहतर है"। जिमी को यह देखना अजीब लगा कि दिन में सिर्फ एक घंटे की छूट से दोनों को भरोसा हो गया कि वे 100 दिन टिक सकते हैं। दोनों ने कहा कि 50 हज़ार वसूल हो गए, और उस दौर में यार्ड ने उन्हें एक-दूसरे को सहने लायक बना दिया।

दिन 20: रसोई बनाम यार्ड, और परिवार की याद

जेल का खाना वाकई खराब था। "वॉर्डन जिमी के मीटलोफ" को उन्होंने गर्म किए हुए जमे बर्गर पर ग्रेवी जैसा बताया। लैनी ने कहा कि उन्हें पता नहीं था कि जिन लोगों को उन्होंने पकड़ा, उन्हें ऐसा खाना मिलता है।

बीसवें दिन जिमी ने एक रसोई दिखाई जिसमें बीफ़ पैटीज़, हॉट डॉग्स और सेहतमंद खाना बनाने का पूरा सामान था। शर्त यह थी कि बदले में यार्ड टाइम छोड़ना होगा, और फैसला किसी एक को दोनों की ओर से लेना था। ईयन ने फैसला लैनी पर छोड़ दिया और कहा कि वे उन पर भरोसा करते हैं। लैनी ने यार्ड रखा। ईयन ने पहले ही अंदाज़ा लगा लिया था कि लैनी यही चुनेंगे। जिमी हैरान थे, क्योंकि दोनों रोज़ खाने की शिकायत करते थे। उन्होंने कहा कि यह उम्मीद से आसान रहा और दिन 30 पर वे इतने आसान नहीं रहेंगे। अगले दिन भी दोनों ने कहा कि उन्हें इस फैसले का ज़रा भी अफसोस नहीं है।

इसी दौर में बाहर की दुनिया की कमी खलने लगी। लैनी ने कहा कि अपने परिवार, पत्नी और बच्चों के लिए इनाम जीतना उनका सबसे बड़ा लक्ष्य है और वे पीछे नहीं हट सकते, क्योंकि सबको उनसे उम्मीद है। ईयन ने बताया कि पिछली सज़ा के दौरान एक साल में उन्होंने अपने पिता को सिर्फ दो दिन देखा और भाई व माँ को पूरे साल नहीं देखा। बोरियत में दोनों ने केचप डॉजबॉल जैसे खेल भी ईजाद किए।

दिन 30: लाइब्रेरी, बाइबल और पहली दरार

तीसवें दिन जिमी ने लाइब्रेरी खोली। उसमें सैकड़ों किताबें, मैगज़ीन और एक कंप्यूटर था जिस पर टेट्रिस और माइनस्वीपर खेले जा सकते थे। लाइब्रेरी मुफ़्त थी, लेकिन अगले 70 दिन तक रोज़ एक घंटे के लिए सिर्फ एक व्यक्ति वहाँ जा सकता था। किताबें बाहर ले जाना सख्त मना था। लैनी को वहाँ बाइबल दिखी और उन्होंने कहा कि यही किताब उन्हें पूरा साथ देगी। दोनों को आपस में तय करने के लिए दो घंटे दिए गए।

ईयन ने इसे दोनों को लड़वाने की चाल बताया और कहा कि मुफ़्त चीज़ छोड़ी नहीं जा सकती, सवाल बस यह है कि हकदार कौन है। लैनी ने कहा कि पिछली बार फैसला उन पर छोड़ा गया था, इसलिए इस बार ईयन फैसला करें। लैनी का तर्क था कि अगले 70 दिन उन्हें सिर्फ बाइबल संभाल सकती है और यह उनके लिए टाइम पास नहीं है। ईयन ने पलटकर पूछा कि क्या उनके धार्मिक न होने से दिक्कत है। लैनी ने कहा कि उन्होंने ऐसा कुछ नहीं कहा, ईयन बिना वजह अचानक बदल गए हैं, और फिर बोले कि रहने दो, उन्हें कोई किताब नहीं चाहिए। ईयन खुद अपने फैसले पर शक करने लगे।

आखिर में ईयन ने जिमी को बताया कि लाइब्रेरी वे लेंगे। उन्होंने यह भी साफ किया कि लैनी ने खुद उन्हें लाइब्रेरी दी थी। लैनी ने इसकी वजह बताई कि यार्ड वाले फैसले में ईयन ने बिना हिचक "हाँ" कहा था और 25 हज़ार डॉलर अपने हिस्से से जाने पर भी कुछ नहीं कहा था। ईयन को बस यही एक चीज़ चाहिए थी, इसलिए उनका हक बनता था। ईयन ने कहा कि लैनी अच्छे इंसान और अच्छे कॉप हैं, और उन्हें उम्मीद नहीं थी कि कोई कॉप ऐसा करेगा, यानी वे गलत थे। लाइब्रेरी के पहले ही दिन ईयन ने लैनी के लिए बाइबल की कुछ पंक्तियाँ कॉपी कीं।

किताबों की तस्करी: ईयन का "अपराधी" फिर जागा

अगली सुबह से ईयन ने नियम तोड़ना शुरू कर दिया। पहले वे पन्ने स्मगल करके लाए, फिर पूरी किताबें। उनका कहना था कि वे लैनी को ऐसी जगह नहीं छोड़ सकते थे जहाँ न बाइबल हो, न किताबें, न कुछ करने को, जबकि वे खुद अंदर मज़े कर रहे थे। उन्होंने खुद को "स्मगलर विक" नाम दिया और किताबें पूरी जेल में, यहाँ तक कि बाथरूम में भी छुपा दीं। दोनों ने आर्टवर्क से दीवारें सजाईं और जेल का माहौल धीरे-धीरे बदलने लगा। जिमी के शब्दों में, कैमरों की लगातार निगरानी के बावजूद दोनों ऐसे जी रहे थे जैसे कभी पकड़े ही नहीं जाएँगे।

दिन 40: 10 हज़ार डॉलर की हर चीज़ वाला स्टोर

चालीसवें दिन जिमी ने एक स्टोर खोला। उनके मुताबिक इसका सामान दोनों की बातचीत का विश्लेषण करके उनकी पसंद के हिसाब से जुटाया गया था। हर चीज़ की कीमत 10 हज़ार डॉलर थी, चाहे वह बाहर एक डॉलर में मिलने वाली हैंडबॉल हो या कुछ भी हो सकने वाला एक मिस्ट्री बॉक्स। भुगतान उनकी इनामी रकम से होना था। रॉक-पेपर-सिज़र्स से तय हुआ कि लैनी पहले जाएँगे।

लैनी ने सिर्फ मिस्ट्री बॉक्स लिया। ईयन ने 30 हज़ार खर्च किए। उन्होंने बाल काटने के लिए क्लिपर और फीस्टेबल्स चॉकलेट ली, और लैनी के लिए मेलाटोनिन, इयरप्लग्स और स्लीप मास्क लिए। लैनी ने कहा कि ज़रूरत होती तो वे भी 10 हज़ार खर्च कर देते। ईयन ने खुद माना कि वे पैसे उड़ाने की वजह से ही जेल गए थे और खुद को रोक नहीं पाए। मिस्ट्री बॉक्स से 20 हज़ार डॉलर निकले, यानी लैनी की खरीद से उल्टा पैसा बढ़ा। इसके बाद दोनों ने 10 हज़ार डॉलर वाले रंगीन पेंसिलों से चित्र बनाए और 10 हज़ार वाले कागज़ से हवाई जहाज़ बनाए। लैनी ने ईयन को "ज़िंदगी की सबसे महंगी हेयरकट" दी। लैनी ने बाद में माना कि इयरप्लग्स और मेलाटोनिन से अच्छी नींद लेने में सच में मदद मिली।

दिन 50: परिवार से मुलाकात, सज़ा और "लैनी द स्निच"

दोनों को उम्मीद थी कि पचासवें दिन परिवार से मिलने या फोन कॉल का मौका मिलेगा। लैनी ने कहा था कि वे फोन कॉल के लिए पैसे भी खर्च करते। जिमी ने ऑफर बताने से पहले कैमरा क्लिप्स दिखाईं: ईयन पैंट में किताबें छुपा रहे थे, फिर किताबें फेंकने लगे और आखिर में सीधे हाथ में लेकर निकलने लगे। जिमी ने बताया कि दोनों के परिवार बाहर जेल बस में बैठे हैं और योजना उन्हें मुफ़्त में अंदर लाकर सरप्राइज़ देने की थी। लेकिन नियम टूटने की वजह से अब सिर्फ एक व्यक्ति परिवार से मिल पाएगा, और 100 दिन पूरे होने तक यही इकलौता मौका है।

ईयन ने यह मौका लैनी को दे दिया। लैनी ने कहा कि उन्हें लगा जैसे ईयन ने उनकी इज़्ज़त लौटाई, जैसे उन्होंने ईयन की की थी। इसके बाद ज़ब्त किया गया सामान हटवा दिया गया और जिमी ने एक और ट्विस्ट जोड़ा: परिवार जितनी देर रहेगा, दूसरा व्यक्ति उतनी देर सॉलिटरी में रहेगा। ईयन को सॉलिटरी में ले जाया गया। जाते-जाते उन्होंने कहा कि वे किताबें चुराते रहेंगे।

लैनी के बच्चे "डैडी" पुकारते हुए दौड़कर आए। परिवार ने कहा कि उन्हें नीली (पुलिस) की जगह नारंगी कपड़ों में देखना बहुत अजीब लग रहा है। लैनी ने इसे "रीचार्ज मोमेंट" बताया और कहा कि इससे उन्हें 100वें दिन तक जाने की प्रेरणा मिलेगी। उधर ईयन बाहर से आती आवाज़ें सुनते रहे। उन्होंने कहा कि वे "कुत्ते की तरह" बंद पड़े हैं, हर मिनट गुस्सा बढ़ रहा है और यह PTSD जैसा महसूस करा रहा है।

बाहर आकर ईयन ने लैनी को "लैनी द स्निच" नाम दिया। उनका आरोप था कि लैनी ने किताबों वाली बात खोल दी और कहा कि स्मगलिंग का आइडिया ईयन का था, जबकि दोनों एकजुट रह सकते थे। लैनी का जवाब था कि सब कैमरे में रिकॉर्ड था, उन्होंने कोई धोखा नहीं दिया, और ईयन ने खुद कहा था कि वे यह करेंगे। ईयन का कहना था कि उन्होंने टीम के लिए बड़ी कुर्बानी दी। लैनी ने कहा, "तुमने अपना फैसला किया, मैंने मेरा।"

इसके बाद रिश्ते में दूरी आ गई। लैनी के मुताबिक ईयन अब न शतरंज खेलना चाहते थे, न बास्केटबॉल, और दोनों की अपनी-अपनी रूटीन रह गई थी। फिर भी लैनी ने ईयन का हाल पूछा। ईयन ने कहा कि उन्हें डिप्रेशन हो रहा है और वे घर जाना चाहते हैं। चुनौती अभी आधी ही हुई थी और ईयन छोड़ने को तैयार दिख रहे थे। यह खतरा दोनों के लिए था, क्योंकि किसी एक के जाने पर दोनों हार जाते।

दिन 60 और 70: ठुकराया गया टीवी और बढ़ती कड़वाहट

साठवें दिन जिमी ने कहा कि यह ऑफर शायद दोनों को फिर पास ले आए। ऑफर था एक पुराना टीवी, वीसीआर और बोर्ड गेम्स, जो अगले 40 दिन रोज़ एक घंटे के लिए 30 हज़ार डॉलर में मिलते। एक घंटे में फिल्म पूरी न होने पर उसे अगले दिन आगे देखना होता। लैनी को यह थोड़ा लुभावना लगा, लेकिन ईयन ने फिल्मों के चुनाव को कमज़ोर बताते हुए इसे बेकार डील कहा और मना कर दिया। जाते समय जिमी ने ईयन की तलाशी करवाई तो उनके अंडरवियर में कुछ छुपा मिला। जिमी ने तंज़ कसा कि नियम खुद तोड़कर अब ये सहानुभूति ढूँढ रहे हैं।

ईयन ने कहा कि हर 10 दिन में उनका बुरा हाल हो रहा है: न परिवार से मुलाकात, न फोन कॉल। उन्होंने माना कि वे छोटी-छोटी बातों पर चिढ़ने लगे हैं और उन्हें ऐसा लग रहा है जैसे दूसरी बार बस ने टक्कर मार दी हो। वे बार-बार "उसी धोखे" की बात दोहराते रहे। लैनी को ईयन की लगातार शिकायतें परेशान करने लगीं और उन्हें डर सताने लगा कि ईयन क्विट कर देंगे और दोनों की मेहनत का पैसा चला जाएगा।

जिमी ने बताया कि उनका सबसे बड़ा ऑफर दिन 80 के लिए था, इसलिए दिन 70 पर उन्होंने कुछ नहीं दिया ताकि दोनों खुद अपनी लड़ाई सुलझाएँ। यह दौर और बिगड़ गया। लैनी ने पिछले हफ्तों को "डिप्रेसिंग और सैड" बताया, क्योंकि करने को सिर्फ पढ़ना, एक्सरसाइज़ और शतरंज था। जब लैनी ने समय पूछा तो ईयन ने कहा, "घड़ी खरीद लो।" ईयन ने उन्हें "द स्निचिंग कन्विक्ट" भी कहा। लैनी ने यहाँ तक कहा कि कम पैसों में बाहर निकलने का विकल्प मिले तो वे ले लेंगे। 20 दिन बचे थे और जिमी के मुताबिक लग रहा था कि दोनों हार मानने वाले हैं।

दिन 80: 910 किलो का पत्थर और 1 लाख डॉलर की चाबी

जिमी ने अगले ऑफर को दोस्ती दोबारा जोड़ने का मौका बताया, और यह भी कहा कि यही वह आखिरी वजह बन सकता था जिससे पूरा वीडियो वहीं खत्म हो जाता। सामने लगभग 910 किलो का पत्थर रखा गया। उसके अंदर एक चाबी थी जो 1 लाख डॉलर वाला बॉक्स खोलती। पत्थर तोड़ने के लिए अगले 10 दिन तक रोज़ एक घंटा मिलना था। जोखिम लेने के लिए उन्हें अभी 50 हज़ार डॉलर देने थे, और काम पूरा होने पर 1 लाख मिलते। जिमी ने कहा कि यह टीमवर्क से ही होगा। ईयन पहले बोले "नहीं हो पाएगा, लैनी", लेकिन फिर दोनों ने हाँ कह दी।

पहले घंटे लगातार हथौड़े चलाने के बाद भी खास प्रगति नहीं हुई और दोनों को लगा कि 50 हज़ार डूब गए। अगले कुछ दिनों में लैनी हथौड़ा चलाते रहे और ईयन, जिमी के शब्दों में, चौथे दिन तक "हाइपमैन" बनकर किनारे से हौसला बढ़ाते रहे। लैनी ने उस दिन को बेहद निराशाजनक बताया और कहा कि वे थक चुके हैं। जिमी का अनुमान है कि ईयन ने लैनी की नाराज़गी भाँप ली, क्योंकि अगले दिन उनके रवैये में बड़ा बदलाव दिखा। लैनी थके तो ईयन ने मोर्चा संभाला, छेनी आई और पत्थर में बड़ी दरारें पड़ने लगीं।

फिर भी छठे घंटे के अंत तक कोई ठोस प्रगति नहीं हुई। ईयन ने कहा कि अगर 50 हज़ार गए तो वे क्विट कर देंगे। जिमी के अनुसार ईयन समझ गए कि सिर्फ ताकत से काम नहीं चलेगा। वे लाइब्रेरी गए, पत्थरों पर एक किताब ढूँढी और काम के पन्ने फाड़ लाए। किताब में लीवरेज इस्तेमाल करने की सलाह थी। दोनों ने पत्थर के नीचे कुछ फँसाकर और ऊपर वज़न रखकर कोशिश की, लेकिन पत्थर हिला तक नहीं और उस पर खरोंच भी नहीं आई।

दो दिन बचे थे जब ईयन को किताब में एक तस्वीर मिली, जिसके आधार पर उन्होंने पत्थर के कमज़ोर हिस्से पर छेनी चलाई। पत्थर दो हिस्सों में बँट गया, लेकिन चाबी तक पहुँचने से पहले नौवाँ घंटा खत्म हो गया। आखिरी घंटे में दोनों ने कहा कि मौका 50-50 है। अंदर कंक्रीट की परत थी, जिसे ईयन ने 1 लाख डॉलर और उनके बीच की आखिरी रुकावट बताया। 30, 15 और 10 मिनट की चेतावनियों के बाद चाबी निकल आई और 1 लाख डॉलर उनके हो गए। जश्न में दोनों चिल्लाए: "कॉप और क्रिमिनल, फॉर लाइफ।"

दिन 90 के बाद: जन्मदिन, कंप्यूटर की चोरी और "डार्क साइड" की ओर लैनी

नब्बेवें दिन जिमी ने कोई ऑफर नहीं दिया और कहा कि दिन 99 के लिए कुछ खास खतरनाक योजना है। दिन 91 को ईयन का जन्मदिन था। लैनी ने उन्हें सुबह सरप्राइज़ दिया। ईयन ने कहा कि यह जेल में उनका तीसरा जन्मदिन है, पर कम से कम रूममेट अच्छा मिला है।

आखिरी दिन सबसे मुश्किल लग रहे थे क्योंकि करने को कुछ बचा नहीं था। तब लैनी ने सुझाव दिया कि ईयन लाइब्रेरी खाली कर दें, और कंप्यूटर भी निकाल लाएँ तो मज़ा आ जाए। ईयन सुबह जल्दी उठकर "ऑपरेशन कंप्यूटर" के तहत कंप्यूटर ले आए और लैनी उसके सामने रखने के लिए कुर्सी जैसी चीज़ भीतर ले आए। जिमी ने कहा कि वे सामान्य तौर पर इसकी सज़ा देते, पर दिन 99 करीब था इसलिए रुक गए। उनके शब्दों में यही इकलौती जेल है जहाँ बगावत से सज़ा नहीं बढ़ती। दोनों ने तय समय से ज़्यादा यार्ड टाइम भी लिया। ईयन ने कहा कि लैनी को "डार्क साइड" की ओर आते देख अच्छा लग रहा है। लैनी ने कहा कि पुलिस अफसर होते हुए दूसरी तरफ रहकर देखने का यह अनुभव उन्हें अच्छा लगा और कोई पछतावा नहीं है। जिमी ने इसे "पोएटिक" बताया कि एक कॉप और एक क्रिमिनल को करीब लाने वाली चीज़ चोरी थी।

दिन 99: सॉलिटरी, बटन और 4.8 लाख डॉलर का लालच

दोनों ने कहा कि वे जेल के बाहर भी अच्छे दोस्त रहेंगे। तब जिमी ने आखिरी चुनौती बताई: अगले 24 घंटे दोनों अलग-अलग सॉलिटरी सेल में रहेंगे और हर सेल में एक बटन होगा। जो पहले बटन दबाएगा, वह तुरंत बाहर आएगा और पूरे 4,80,000 डॉलर अकेले ले जाएगा। टाइमर शून्य होने तक किसी को पता नहीं चलेगा कि दूसरा अंदर है या जा चुका है। जिमी ने दोनों के शक को हवा दी। लैनी को किताबें और फिल्में "चुराने" की याद दिलाई, और ईयन को उनका पुराना वाक्य याद दिलाया कि सॉलिटरी में दोबारा जाने के लिए जिमी उन्हें कभी इतने पैसे नहीं देंगे। एक ने यहाँ तक कहा कि उन्हें लगता है दूसरा बटन दबा देगा, इसलिए वे खुद पहले दबा देते।

सेल के भीतर लैनी के मन में सवाल था कि फ्रॉड में जेल जा चुके इंसान के लिए यह लालच शायद ज़्यादा भारी पड़े, और ईयन टिक भी पाएँगे या नहीं। ईयन के लिए यह सॉलिटरी का दूसरा मौका था। उन्होंने कहा कि उन्हें तंग जगहें बिल्कुल पसंद नहीं। तनाव से बचने के लिए उन्होंने टाइमर को कचरे के बैग से ढक दिया।

जैसे-जैसे वक्त बीता, बटन का हिसाब दोनों के मन में चलता रहा। ईयन ने सोचा कि बटन दबाने से वे जेल से निकलते वक्त का अपना 5 लाख डॉलर का बकाया चुका सकते हैं। इसी दौरान बच्चों की पढ़ाई, पत्नी के लिए नई कार और शायद नए घर का ज़िक्र भी आया। ईयन ने खुद से पूछा कि क्या कर्ज चुकाकर लैनी को धोखा दे दें, और कहा "शायद करना पड़े"। उन्हें लगने लगा कि उन्होंने लैनी से कहीं ज़्यादा झेला है: न परिवार से मुलाकात हुई, और सॉलिटरी में लैनी से दोगुना समय बिताना पड़ा। लैनी ने कहा कि ईयन चले गए तो उनका दिल टूट जाएगा, क्योंकि उन्होंने भी उतना ही काम किया है। उनके मुताबिक अगर ईयन 24 घंटे भी नहीं झेल पाए तो इसका मतलब होगा कि उनमें अब भी वही आपराधिक सोच बची है।

नतीजा: पर्दे गिरे, दोनों खड़े थे

24 घंटे बाद दोनों को सॉलिटरी से बीच में आने को कहा गया। दोनों तरफ काले पर्दे लगे थे। नियम यह था कि दोनों खड़े मिले तो इनाम बराबर बँटेगा, और अगर सिर्फ एक दिखा तो 100 दिन की मेहनत बेकार। उलटी गिनती के बाद पर्दे गिरे और दोनों वहीं खड़े थे। किसी ने बटन नहीं दबाया था। ईयन ने लैनी को "मेरा भाई" कहा। दोनों को 2,40,000 डॉलर मिले, और जीत की खुशी में उनके परिवारों को बुलाया गया।

वीडियो उसी सवाल के जवाब पर खत्म होता है जिससे शुरू हुआ था। खर्राटों, बाइबल, "स्निच" के आरोप और सॉलिटरी की कड़वाहट से गुज़रने के बावजूद आखिरी परीक्षा में दोनों ने एक-दूसरे को धोखा नहीं दिया।